PAN को आधार से लिंक कराना क्यों है इतना जरूरी? जानिए इसके कारण और Fee
PAN Aadhaar Link: पासपोर्ट से लेकर वोटर आईडी कार्ड और आधार कार्ड जैसे दस्तावेज आपके उन डॉक्यूमेंट्स में शामिल हैं, जो काफी जरूरी होते हैं. कई मौकों पर ये आपके काम आते हैं और एक एड्रेस प्रूफ के तौर पर भी आप इन्हें दिखा सकते हैं. इन सभी की तरह पैन कार्ड भी एक ऐसा […]
PAN Aadhaar Link: पासपोर्ट से लेकर वोटर आईडी कार्ड और आधार कार्ड जैसे दस्तावेज आपके उन डॉक्यूमेंट्स में शामिल हैं, जो काफी जरूरी होते हैं. कई मौकों पर ये आपके काम आते हैं और एक एड्रेस प्रूफ के तौर पर भी आप इन्हें दिखा सकते हैं. इन सभी की तरह पैन कार्ड भी एक ऐसा दस्तावेज है, जो काफी जरूरी होता है.
तमाम वित्तीय लेनदेन और बैंकिंग से जुड़ी चीजों के लिए आपको इसकी जरूरत होती है. पिछले कुछ सालों से आपने लगातार सुना होगा कि पैन को आधार कार्ड से लिंक कराना होगा. सरकार ने इसके लिए लोगों को कई मौके दिए और आखिरकार डेडलाइन पिछले साल खत्म हो गई.
क्यों जरूरी हुआ पैन-आधार लिंक करना
आज हम आपको बताएंगे कि आखिर पैन कार्ड को आधार कार्ड से लिंक करना क्यों इतना जरूरी है और सरकार ने इसे जरूरी क्यों कर दिया. दरअसल इनकम टैक्स डिपार्टमेंट की तरफ से जब जांच हुई तो पाया गया कि एक ही पैन कार्ड पर कई लोगों के नाम दर्ज हैं, जबकि पैन के मामले में एक शख्स को सिर्फ एक ही पैन नंबर जारी हो सकता है, जो जिंदगी में कभी नहीं बदल सकता है. पैन के इसी डुप्लीकेशन को रोकने के लिए सरकार ने इसे आधार से लिंक करना शुरू कर दिया. इसके अलावा इनकम टैक्स रिटर्न में भी आधार को जरूरी कर दिया गया.
कई बार बढ़ाई गई डेडलाइन
सरकार ने पैन और आधार लिंक कराने के लिए काफी वक्त दिया, हर बार डेडलाइन को आगे बढ़ाया गया. इस दौरान ज्यादातर लोगों ने अपना पैन और आधार लिंक कराया. आखिरी डेडलाइन पिछले साल जून की थी.
हालांकि कुछ लोग ऐसे भी थे जिन्होंने ऐसा नहीं किया. ऐसे लोगों के पैन कार्ड डिएक्टिवेट कर दिए गए. अब जिसे भी पैन एक्टिवेट करवाना है, उसे एक हजार रुपये की फीस के साथ इनकम टैक्स डिपार्टमेंट की वेबसाइट पर आवेदन करना होगा.
