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फिर डराने लगा कोरोना! देश में अब तक सामने आए जेएन.1 वैरिएंट के 63 मामले; सक्रिय मामले की संख्या चार हजार के पार

नई दिल्ली। देश में कोरोना वायरस के जेएन.1 वैरिएंट मिलने का सिलसिला जारी है। रविवार तक इस वैरिएंट के 63 मामले सामने आ चुके हैं। इनमें सबसे ज्यादा 34 मामले गोवा में पाए गए हैं। महाराष्ट्र में नौ, कर्नाटक में आठ, केरल में छह, तमिलनाडु में चार और तेलंगाना में दो मामले सामने आए हैं। […]

फिर डराने लगा कोरोना! देश में अब तक सामने आए जेएन.1 वैरिएंट के 63 मामले; सक्रिय मामले की संख्या चार हजार के पार

नई दिल्ली। देश में कोरोना वायरस के जेएन.1 वैरिएंट मिलने का सिलसिला जारी है। रविवार तक इस वैरिएंट के 63 मामले सामने आ चुके हैं। इनमें सबसे ज्यादा 34 मामले गोवा में पाए गए हैं। महाराष्ट्र में नौ, कर्नाटक में आठ, केरल में छह, तमिलनाडु में चार और तेलंगाना में दो मामले सामने आए हैं।

स्वास्थ्य मंत्रालय ने सोमवार को कहा कि भारत में कोरोना वायरस संक्रमण के 628 नए मामले सामने आए हैं। इससे सक्रिय मामलों की संख्या बढ़कर 4,054 हो गई है। केरल में पिछले 24 घंटे की अवधि में एक मरीज की मौत हो गई।

नए वैरिएंट की बारीकी से पड़ताल कर रहे वैज्ञानिक

नीति आयोग के सदस्य (स्वास्थ्य) डॉ वीके पाल ने पिछले सप्ताह कहा था कि भारत में वैज्ञानिक समुदाय कोरोना वायरस के नए वैरिएंट की बारीकी से पड़ताल कर रहा है और राज्यों को परीक्षण बढ़ाने तथा अपनी निगरानी प्रणालियों को मजबूत करने की आवश्यकता है।

अधिकारियों ने कहा था कि भले ही कोरोना के मामले बढ़ रहे हैं और देश में जेएन वैरिएंट का पता चला है, लेकिन तत्काल ¨चता का कोई कारण नहीं है। संक्रमित लोगों में से 92 प्रतिशत लोग घर में रहकर ही उपचार का विकल्प चुन रहे हैं, जिससे पता चलता है कि नए वैरिएंट के लक्षण हल्के हैं। उन्होंने कहा था कि अस्पताल में भर्ती होने की दर में भी कोई वृद्धि नहीं हुई है और अन्य चिकित्सा कारणों से अस्पताल में भर्ती होने वालों में कोरोना का संक्रमण पाया जाना आकस्मिक मामला है।

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Last updated on December 27, 2023. This article represents the author's views.

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